शर्मिंदा होकर माँ बहन ने दे दी जान, बेटे ने लड़की के चक्कर मे दिया लूट को अंजाम, बहन ने सुसाइड नोट मे लिखी रोंगटे खड़े कर देने वाली बात…

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पटना / बिहार: सारण जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. घर के लड़के का नाम एक लूटकांड में सामने आने के बाद शर्म के मारे मां और बहन ने आत्महत्या कर ली है. घटनास्थल से मिले सुसाइड नोट को पढ़कर वहां मौजूद हर किसी के पैरों तले जमीन खिसक गई.  दरअसल, सारण जिले के मढ़ौरा के इसरौली पेट्रोल पंप के पास सोमवार को बाइक सवार पांच अपराधियों ने हथियार के बल पर कैशवैन से 40 लाख रुपए लूट लिए थे. पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया था. उसके घर से लूट के छह लाख रुपए भी बरामद हुए थे. इसके बाद आज आरोपी की मां और बहन ये सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाई और उन्होंने खुदखुशी कर ली है.

वे अपने बेटे और भाई की गिरफ्तारी से सदमे में थीं. मौके से पुलिस को चार पेज का एक सुसाइड नोट भी मिला है. आरोपी की बहन रूपा कुमारी ने इसमें लिखा है कि भाई की वजह से प्रतिष्ठा धूमिल हो गई. इज्जत से रहने का मौका नहीं मिला. हम लोग इज्जत की जिंदगी जीना चाहते थे, मगर ऐसा नसीब नहीं हुआ. कुछ गांव वालों ने हम लोगों को बर्बाद कर दिए तो कुछ सोनू ने. हर मां बाप का सपना होता है कि उनकी औलाद सही हो मगर ऐसा मेरे मम्मी पापा की किस्मत में ना था. अतः श्रीमान से निवेदन है कि वह हमारे मृत शरीर को अखबार में ना डालें. अगर कोई गलती करता है तो इसका मतलब यह नहीं है कि उसके मां-बाप को सजा दी जाए. हम लोग अक्सर सोनू को समझाते रहे, लेकिन वह नहीं माना.

मेरे मां-पापा का और मेरे पूरे परिवार का कोई दोष नहीं है सो प्लीज आप लोग और आपका यह समाज मेरे बाकी के परिवार को कष्ट ना पहुंचाएं. कृप्या मीडिया की सुर्खियां ना बनाएं. आरोपी की बहन ने मौत को गले लगाने से पहले सुसाइड नोट में पुलिसवालों से कहा है कि आप लोग नहीं समझेंगे क्योंकि कानून सिर्फ पैसे वालों की बात सुनते हैं. मेरे मां-बापा हमेशा से चाहते थे कि उनका बेटा और बेटी भविष्य में कुछ अच्छा काम करे. लेकिन अफसोस उनका यह सपना पूरा नहीं हो सका. हम लोग गरीब जरूर हैं, लेकिन गलत नहीं हैं और मेरे पापा हमेशा से हम सबको एक ही बात समझाते हैं कि बेटा मर जाना मगर कभी गलती ना करना. मेरे पापा बहुत बदनसीब हैं, मेरे पापा का सपना पूरा ना हो सका. युवती ने आगे लिखा है कि उसका भाई हमेशा से ऐसा नहीं था. गांव की ही एक लड़की के चक्‍कर में पड़कर वह गलत रास्‍ते पर चल निकला. उसे बर्बाद करने में उसकी प्रेमिका के परिवार का पूरा हाथ है. जब वह सही था तब उसे विनोद पांडे की बेटी ने अपने प्यार के जाल में फंसा लिया और उसे अपने साथ भागने को मजबूर कर दिया.

तब सोनू उस समय तो चला गया, लेकिन उसके बाद हम लोगों की इज्जत का कचरा किया. विनोद के पूरे परिवार के कारण वह और बिगड़ गया. पापा हम आप की यह हालत नहीं देख सकते. हम कभी नहीं सोचे थे कि कोई आप पर ऐसे हाथ उठाए पर ऐसा हुआ. पुलिस किसी का दर्द नहीं समझती. बताया जाता है कि मां बहन को घर में पुलिस का घुसना और घर में अवैध रूप से रुपए आना शर्मिंदगी का कारण बन गया था. खुद को शर्मिंदा महसूस करते हुए एक आरोपित की मां और बहन ने अपनी इहलीला समाप्तकर ली. पुलिस इस मामले की जांच में जुटी है.