देहरादून। सचिवालय सभागार में मुख्य सचिव Anand Bardhan की अध्यक्षता में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में शहरी क्षेत्रों में कूड़ा प्रबंधन व्यवस्था को अधिक प्रभावी और जवाबदेह बनाने पर विस्तार से चर्चा हुई।
डोर-टू-डोर संग्रहण और स्रोत पृथक्करण में सुधार के निर्देश
मुख्य सचिव ने घर-घर कूड़ा संग्रहण की गुणवत्ता में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कचरे के स्रोत स्तर पर पृथक्करण को प्रभावी ढंग से लागू करने तथा अपशिष्ट प्रसंस्करण क्षमता बढ़ाने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा। जहां भी प्रसंस्करण संयंत्रों के लिए भूमि की आवश्यकता है, वहां शीघ्र भूमि चयन कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
ऑनलाइन ट्रैकिंग और जवाबदेही प्रणाली विकसित करने पर बल
मुख्य सचिव ने कूड़ा संग्रहण और निस्तारण में लगे वाहनों, चालकों और संबंधित कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने के लिए ऑनलाइन ट्रैकिंग प्रणाली विकसित करने के निर्देश दिए। साथ ही ड्यूटी और वेतन से जुड़ी स्वचालित प्रणाली लागू करने की संभावनाओं पर विस्तृत तैयारी करने को कहा।
आधुनिक तकनीकों के उपयोग पर विशेष ध्यान
शहरी विकास विभाग को निर्देशित किया गया कि जिन निकायों में मशीनरी और उपकरणों की कमी है, वहां आवश्यक संसाधन तत्काल उपलब्ध कराए जाएं। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में प्रचलित आधुनिक और प्रभावी तकनीकों को अपनाते हुए उनके क्रियान्वयन के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने पर भी जोर दिया गया।
देहरादून में जीपीएस आधारित वास्तविक समय निगरानी का परीक्षण
बैठक में शहरी विकास सचिव नितेश झा ने बताया कि Dehradun में घर-घर कूड़ा संग्रहण की वास्तविक समय निगरानी का परीक्षण चल रहा है। जीपीएस आधारित ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से अधिकारी वाहनों की निगरानी कर सकेंगे। आम नागरिक भी कूड़ा वाहन की लोकेशन, आगमन समय और अपनी शिकायतें ऑनलाइन दर्ज कर पाएंगे। इस प्रणाली के शीघ्र शुभारंभ की जानकारी भी दी गई।
बैठक में संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।