April 8, 2026 4:36 pm

प्रीतम सिंह के नेतृत्व में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने की मुख्य सचिव से मुलाकात, ज्ञापन सौंपकर पुलिस व्यवस्था मजबूत करने की उठाई मांग

देहरादून: राज्य में बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर कांग्रेस ने चिंता जताई है। कांग्रेस के चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के नेतृत्व में मंगलवार को पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा।

प्रतिनिधिमंडल ने राज्य में कानून व्यवस्था को मजबूत करने और देहरादून शहर में संचालित पब-बार पर प्रभावी नियंत्रण लगाने की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि हाल के समय में राज्य में कानून व्यवस्था से जुड़ी घटनाओं और पब-बार संस्कृति को लेकर आम लोगों में गहरी चिंता का माहौल है।

ज्ञापन में प्रीतम सिंह ने कहा कि देहरादून में दिनदहाड़े हो रही आपराधिक घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं। विशेष रूप से मसूरी डायवर्जन पर हुई गोलीकांड की घटना ने कानून व्यवस्था की स्थिति पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने कहा कि अक्सर किसी बड़ी घटना के बाद ही सरकारी मशीनरी सक्रिय होती है, जबकि जरूरी है कि पहले से ही सतर्क और मजबूत व्यवस्था बनाई जाए।

उन्होंने कहा कि वर्तमान में एक विरोधाभासी स्थिति देखने को मिल रही है। सामान्य दिनों में बार संचालन का समय निर्धारित रहता है, जबकि शनिवार और रविवार को देर रात तक बार खुले रखने की अनुमति दी जाती है। ऐसी व्यवस्था कानून व्यवस्था की दृष्टि से चिंताजनक है, क्योंकि देर रात आपराधिक घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है।

कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य सचिव से मांग करते हुए कहा कि वर्तमान परिस्थितियों और जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए थाना स्तर पर जवाबदेही तय की जाए। साथ ही हर सप्ताह अनिवार्य रूप से क्राइम रिव्यू बैठक आयोजित की जाए।

उन्होंने सुझाव दिया कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष रूप से सुनसान और बाहरी इलाकों में पुलिस गश्त को मजबूत किया जाए तथा पीसीआर वैन की संख्या बढ़ाई जाए। किसी भी अपराध की घटना होने पर संबंधित बीट अधिकारी और थाना प्रभारी की जवाबदेही तय की जाए।

इसके अलावा महिला सुरक्षा को मजबूत करने के लिए प्रत्येक जिले में विशेष महिला सुरक्षा टीम का गठन किया जाए और प्रमुख स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को आधुनिक तकनीक और एआई प्रणाली से जोड़ा जाए। कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने यह भी मांग उठाई कि होमस्टे के नाम पर अवैध रूप से संचालित बार पार्टियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।