June 10, 2026 7:56 pm

72 घंटे में बच्चा चोरी गिरोह का पर्दाफाश, दो महिलाओं समेत छह आरोपी गिरफ्तार, दो मासूम सकुशल बरामद

हरिद्वार। कनखल क्षेत्र से तीन वर्षीय मासूम बच्ची के अपहरण मामले में हरिद्वार पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए 72 घंटे के भीतर अंतरराज्यीय बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने दो महिलाओं समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार कर अपहृत बच्ची सहित दो मासूम बच्चों को सकुशल बरामद किया है।

एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने बुधवार को प्रेस वार्ता में बताया कि छह जून को बैरागी कैंप निवासी विनोद सोलंकी ने अपनी तीन वर्षीय बेटी राधिका के अपहरण की शिकायत दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष पुलिस टीमों और सीआईयू को जांच में लगाया गया।

फिरौती नहीं, मानव तस्करी का निकला मामला

जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए फिरौती की संभावना कम थी। इसके बाद जांच का फोकस बच्चा चोरी और मानव तस्करी गिरोह पर किया गया। सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज, डंप डाटा और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले।

पुलिस की दबिश के बाद आरोपी अपहृत बच्ची को दिल्ली के आनंद विहार रेलवे स्टेशन पर छोड़कर फरार हो गए, जहां से हरिद्वार पुलिस ने उसे सुरक्षित बरामद कर लिया।

दिल्ली से चोरी हुआ दूसरा बच्चा भी मिला

पूछताछ में खुलासा हुआ कि गिरोह ने 24 मई को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से डेढ़ वर्षीय कार्तिक का भी अपहरण किया था। आरोपियों ने उसे उत्तर प्रदेश के बदायूं में डेढ़ लाख रुपये में बेच दिया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उस मासूम को भी सकुशल बरामद कर लिया और मामले की सूचना दिल्ली पुलिस को दे दी है।

निसंतान दंपतियों को बेचते थे बच्चे

पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह चोरी किए गए बच्चों को दो से पांच लाख रुपये तक में निसंतान दंपतियों को बेचता था। आरोपी बच्चों को अपना या अनाथ बताकर सौदा करते थे। गिरोह के सदस्यों की जिम्मेदारियां पहले से तय थीं। कुछ सदस्य बच्चों की रेकी और अपहरण करते थे, जबकि अन्य खरीदार तलाशने और सौदा कराने का काम संभालते थे।

छह आरोपी गिरफ्तार

पुलिस ने इस मामले में मोहम्मद आकिल, उसकी पत्नी नसीमा, जुल्फेकार, धर्मेंद्र कुमार, प्रीति शर्मा और शिवा सिंह उर्फ गौरव को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में मोहम्मद आकिल और प्रीति शर्मा की भूमिका बच्चों की कीमत तय करने और सौदा कराने में सामने आई है।

एसएसपी बोले- गिरोह के नेटवर्क की जांच जारी

एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि गिरोह के अन्य संभावित सदस्यों और इससे जुड़े नेटवर्क की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अब तक इस गिरोह ने कितने बच्चों की तस्करी की है और किन-किन राज्यों में उनका नेटवर्क सक्रिय है।