August 3, 2026 7:46 pm

PM मोदी के विजन के अनुरूप उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में विकसित करने के लिए लगातार काम कर रही सरकार – CM धामी

देहरादून। उत्तराखंड विश्व की आध्यात्मिक राजधानी बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। चारधाम यात्रा के साथ-साथ प्रदेश के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी श्रद्धालुओं की संख्या में रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है। जागेश्वर धाम और त्रियुगीनारायण मंदिर में दर्शनार्थियों की संख्या ढाई गुना तक बढ़ी है, जबकि धारी देवी में दोगुनी और पूर्णागिरि धाम में करीब डेढ़ गुना वृद्धि हुई है।

पर्यटन विभाग के अनुसार वर्ष 2026 की पहली छमाही में जागेश्वर धाम में 1.74 लाख, त्रियुगीनारायण में 3.40 लाख, धारी देवी में 5.42 लाख और पूर्णागिरि धाम में 20.91 लाख श्रद्धालु पहुंचे। वहीं, ऋषिकेश से सटे मुनिकीरेती, तपोवन और शिवपुरी क्षेत्र में भी पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय इजाफा हुआ है।

चारधाम यात्रा भी इस वर्ष नए कीर्तिमान बना रही है। अब तक 45.84 लाख से अधिक श्रद्धालु चारों धामों के दर्शन कर चुके हैं। यमुनोत्री धाम में दो अगस्त तक 6.54 लाख श्रद्धालु पहुंचे, जो अब तक का सर्वाधिक आंकड़ा है। वहीं बद्रीनाथ धाम में 100 दिनों के भीतर 15.52 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए, जो पिछले वर्ष की तुलना में तीन लाख से अधिक है।

आदि कैलाश और कैंची धाम में भी आस्था का उत्साह देखने को मिला। इस वर्ष केवल दो माह में 52 हजार से अधिक श्रद्धालु आदि कैलाश पहुंचे, जबकि कैंची धाम में जनवरी से जून के बीच 24.34 लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन किए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में विकसित करने के लिए सरकार लगातार कार्य कर रही है। इसके तहत प्रमुख मंदिरों का विकास, तीर्थस्थलों पर आधारभूत सुविधाओं का विस्तार, सड़क और परिवहन व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।