August 12, 2026 12:09 pm

बागवानी को बढ़ावा देने के लिए बनेगा मजबूत तंत्र, सेब, कीवी और ड्रैगन फ्रूट उत्पादन बढ़ाने पर जोर, मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को दिए निर्देश

देहरादून, मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में मंगलवार को सचिवालय में सेब, कीवी, ड्रैगन फ्रूट सहित अन्य फलों के उत्पादन से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा बैठक हुई। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में जिलाधिकारियों से जनपदों में वर्तमान में हो रहे फलोत्पादन और किसानों की स्थिति की जानकारी ली गई।

मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को किसानों से नियमित फीडबैक लेने और उनकी समस्याओं व सुझावों को योजनाओं में शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजना में सुधार की आवश्यकता होने पर जिलाधिकारी लिखित रूप से शासन को अवगत कराएं। मिशन की निर्धारित अवधि के लिए उत्पादन क्षेत्र और उत्पादकता बढ़ाने के लक्ष्य तय किए जाएं, ताकि योजनाओं को अधिक केंद्रित तरीके से लागू किया जा सके।

उन्होंने फलोत्पादन को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश में मजबूत व्यवस्था विकसित करने पर जोर दिया। इसके तहत शीत भंडारण श्रृंखला, परिवहन, रोपवे, विपणन और प्रसंस्करण इकाइयों के विकास पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने जिलाधिकारियों से इन क्षेत्रों से संबंधित परियोजनाओं को योजनाओं में शामिल करने को कहा।

मुख्य सचिव ने सेब, कीवी और ड्रैगन फ्रूट की क्लस्टर आधारित खेती को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। सेब और कीवी की सघन खेती के लिए नई एवं गुणवत्तापूर्ण किस्मों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के साथ किसानों के सुझावों को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए। उन्होंने जनपद विशेष योजनाओं पर फोकस करते हुए नए क्षेत्रों को फलोत्पादन से जोड़ने और अत्याधुनिक उच्च घनत्व वाली पौधशालाएं विकसित करने को कहा।

उन्होंने बताया कि पॉलीहाउस स्थापना के लिए प्रत्येक जनपद में तीन-तीन विक्रेताओं को सूचीबद्ध किया गया है। किसानों को योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाने के लिए उन्हें आवश्यक मार्गदर्शन और सहयोग उपलब्ध कराया जाए। कम उत्पादकता वाले पुराने क्षेत्रों को उच्च घनत्व वाली नई फसलों से बदलने पर भी जोर दिया गया।

मुख्य सचिव ने कहा कि नए विकसित क्षेत्रों में फलोत्पादन शुरू होने तक अंतरवर्ती फसलों को शामिल किया जा सकता है, जिससे किसानों को शुरुआती अवधि में आर्थिक नुकसान न हो।

बैठक में प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव शैलेश बगोली, एस.एन. पांडेय, राजेंद्र कुमार, आयुक्त गढ़वाल आनंद स्वरूप, आयुक्त कुमाऊं दीपक रावत सहित विभिन्न जनपदों के जिलाधिकारी और संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।