April 3, 2026 7:17 pm

मुख्यमंत्री धामी ने किया नगर निगम देहरादून के टाउन हॉल का उद्घाटन, कहा- ‘देहरादून बनेगा अग्रणी महानगर’

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को नगर निगम देहरादून में आयोजित एक कार्यक्रम में जुगमंदर हॉल के जीर्णोद्धार और नवीनीकरण कार्य का लोकार्पण किया। इस कार्य पर 2 करोड़ 32 लाख 50 हजार रुपये की लागत आई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने केदारपुरम स्थित ए.बी.सी. सेंटर में कैनाल निर्माण कार्य और नगर निगम क्षेत्र के छह स्थानों पर पार्कों के विकास और सौंदर्यीकरण कार्यों का शिलान्यास भी किया।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार “विकास भी, विरासत भी” के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि देहरादून अपनी सांस्कृतिक पहचान और समृद्ध विरासत को सहेजते हुए विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सरकार तेज विकास के साथ-साथ संस्कृति और परंपराओं को सुरक्षित रखने के लिए भी लगातार प्रयास कर रही है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के शहरी क्षेत्रों को आधुनिक और सुव्यवस्थित बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं पर काम किया जा रहा है। स्वच्छ भारत मिशन के माध्यम से देश के शहरों और कस्बों में स्वच्छता की नई संस्कृति विकसित हुई है। अमृत योजना के तहत जल आपूर्ति, सीवरेज व्यवस्था और हरित क्षेत्रों के विकास के लिए कई कार्य किए जा रहे हैं। स्मार्ट सिटी मिशन के माध्यम से शहरों को आधुनिक और सुविधायुक्त बनाया जा रहा है, जबकि प्रधानमंत्री आवास योजना के जरिए लाखों गरीब परिवारों को अपना घर मिला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड के समग्र विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। बुनियादी ढांचे के विकास, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने तथा युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। देहरादून को स्वच्छ, सुंदर और विकसित शहर बनाने के लिए भी कई योजनाओं पर काम चल रहा है।

उन्होंने बताया कि शहर में ठोस कचरा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए आधुनिक व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं। कचरा प्रबंधन के लिए मैकेनाइज्ड ट्रांसफर स्टेशन बनाया गया है और कूड़ा वाहनों की निगरानी के लिए इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर भी स्थापित किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून को आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने के लिए 1400 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है। शहर में 35 पार्कों का निर्माण कराया गया है और केदारपुरम में योगा थीम पर आधारित बड़ा पार्क विकसित किया गया है। वीर बलिदानियों की स्मृति में स्मृति पार्कों के माध्यम से 50 हजार वर्ग मीटर से अधिक हरित क्षेत्र भी विकसित किया गया है।

उन्होंने कहा कि जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए जलभराव वाले स्थानों पर रिचार्ज पिट बनाए जा रहे हैं। पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए शहर में 30 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है और निजी इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए 11 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का शुभारंभ होने से आवागमन और तेज होगा। इसके मद्देनजर शहर में पार्किंग, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं के विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। आने वाले समय में देहरादून को देश के शीर्ष स्वच्छ शहरों में शामिल करने के लिए और अधिक प्रयास किए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि शहर में ट्रैफिक दबाव कम करने के लिए रिस्पना और बिंदाल नदियों के ऊपर एलिवेटेड रोड निर्माण की योजना भी तैयार की जा रही है। पिछले एक वर्ष में नगर निगम देहरादून ने राजस्व संग्रहण को लगभग 52 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 73 करोड़ रुपये तक पहुंचा दिया है, जो करीब 40 प्रतिशत की वृद्धि है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी भूमि पर अतिक्रमण रोकना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने नगर निगम के जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से इस दिशा में सक्रिय कार्रवाई करने की अपेक्षा की और जनता से भी देहरादून को स्वच्छ, सुंदर और आधुनिक शहर बनाने में सहयोग करने की अपील की।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, राम सिंह कैड़ा, खजान दास, देहरादून के मेयर सौरभ थपलियाल, विधायक उमेश शर्मा काऊ, सविता कपूर, सहदेव सिंह पुंडीर, नगर आयुक्त नमामि बंसल सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।