March 7, 2026 2:32 am

ईरान-इजरायल तनाव के बीच विदेशों में फंसे लोगों की मदद के लिए रुद्रप्रयाग प्रशासन अलर्ट, जारी किए हेल्पलाइन नंबर

रुद्रप्रयाग: पश्चिम एशिया में ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव और युद्ध जैसे हालात को देखते हुए विदेशों में रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सरकार सतर्क हो गई है। इसी क्रम में रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन ने भी पहल करते हुए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं, ताकि प्रभावित क्षेत्रों में रह रहे लोगों की जानकारी जुटाई जा सके और जरूरत पड़ने पर उनकी सुरक्षित वापसी के लिए कार्रवाई की जा सके।

जिला प्रशासन ने बताया कि यदि जनपद रुद्रप्रयाग के किसी भी विकासखंड, तहसील या गांव का कोई व्यक्ति रोजगार, व्यवसाय, पढ़ाई या अन्य कारणों से इजरायल, ईरान या अन्य खाड़ी देशों में रह रहा है और किसी प्रकार की परेशानी में है, तो उसकी सूचना प्रशासन को उपलब्ध कराई जाए।

प्रशासन ने लोगों से मांगी जानकारी

प्रशासन ने जनपदवासियों से अपील की है कि यदि उनके परिवार या परिचित का कोई सदस्य इन देशों में रह रहा है, तो उसका नाम, पूरा पता, मोबाइल नंबर, पासपोर्ट नंबर और अन्य जरूरी जानकारी जिला प्रशासन को उपलब्ध कराएं। इससे जरूरत पड़ने पर संबंधित व्यक्ति तक जल्द मदद पहुंचाने में आसानी होगी।

जिलाधिकारी ने दी जानकारी

जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इजरायल, ईरान और अन्य खाड़ी देशों में रह रहे उत्तराखंड के नागरिकों, विशेषकर रुद्रप्रयाग जिले के लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं।

उन्होंने कहा कि यदि किसी को अपने परिजनों की स्थिति के बारे में जानकारी लेनी हो या कोई सूचना प्रशासन तक पहुंचानी हो, तो जिला आपदा कंट्रोल रूम या जिला नियंत्रण कक्ष से संपर्क किया जा सकता है।

24 घंटे सक्रिय रहेंगे कंट्रोल रूम

जिलाधिकारी के अनुसार जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर और कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय रहेंगे। जिला प्रशासन की टीम लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर प्रभावित लोगों की सहायता के लिए तैयार है।

हेल्पलाइन नंबर

जिला आपदा कंट्रोल रूम, रुद्रप्रयाग
मोबाइल: 8958757335
दूरभाष: 01364-233727

जिला नियंत्रण कक्ष, रुद्रप्रयाग
मोबाइल: 7579257572

निरीक्षक एलआईयू, रुद्रप्रयाग
मोबाइल: 9412939886

जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके पास संबंधित कोई भी सूचना हो तो तुरंत प्रशासन के साथ साझा करें, ताकि विदेशों में फंसे लोगों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित की जा सके।