देहरादून। हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए कथित शुद्धिकरण मामले को लेकर उत्तराखंड भाजपा नेताओं के खिलाफ कर्नाटक में दर्ज जीरो एफआईआर पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने भाजपा पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि कानून के हाथ हमेशा लंबे होते हैं और अब वह भाजपा नेताओं तक पहुंच गए हैं।
गणेश गोदियाल ने कहा कि उन्हें मीडिया के माध्यम से बेंगलुरु में भाजपा नेताओं और अन्य लोगों के खिलाफ जीरो एफआईआर दर्ज होने की जानकारी मिली है। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तराखंड में सत्ता के प्रभाव में कांग्रेस की शिकायतों को नजरअंदाज कर राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। अब कर्नाटक में हुई कार्रवाई उसी की प्रतिक्रिया है।
गोदियाल ने भाजपा को नसीहत देते हुए कहा कि देश एक कानून और एक संविधान से चलता है। भाजपा को लगा था कि सरकार होने के कारण कानून के हाथों को प्रदेश तक सीमित रखा जा सकता है, लेकिन ऐसा संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि अभी कर्नाटक से कानून का हाथ पहुंचा है और आगे देश के दूसरे हिस्सों से भी कार्रवाई हो सकती है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने भाजपा के सामने तीन विकल्प रखते हुए कहा कि पार्टी को माफी मांगनी चाहिए, कथित शुद्धिकरण के दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए और राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि समय बदलता रहता है और आने वाले महीनों में उत्तराखंड में भी कानून के हाथ लंबे होंगे।
यह है मामला
8 अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली हुई थी। इसके बाद 11 अगस्त को कुछ लोगों द्वारा मैदान और मंच पर धार्मिक अनुष्ठान किए जाने का मामला सामने आया। कांग्रेस ने इसे दलित नेता की मौजूदगी के बाद किया गया कथित शुद्धिकरण बताते हुए विरोध शुरू किया। मामले को लेकर कांग्रेस लगातार भाजपा और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से कार्रवाई की मांग कर रही है। वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कथित शुद्धिकरण को सही ठहराया था।